किस्मत

ऐ मेरी किस्मत तू मुझे किस ओर ले जाएगी।
सुलझेगी जिंदगी या और उलझती जाएगी।
अभी इम्तहान और बाकी है शायद जिंदगी,
पता नहीं और कौन कौन से दौर दिखाएगी।


लगातार अपडेट रहने के लिए सावन से फ़ेसबुक, ट्विटर, इन्स्टाग्राम, पिन्टरेस्ट पर जुड़े| 

यदि आपको सावन पर किसी भी प्रकार की समस्या आती है तो हमें हमारे फ़ेसबुक पेज पर सूचित करें|

14 Comments

  1. Ashmita Sinha - September 8, 2019, 7:08 pm

    खत्म नही हुई अभी दास्तां मेरी
    जिंदग़ी फिर से लौटकर आयेगी

  2. महेश गुप्ता जौनपुरी - September 8, 2019, 7:26 pm

    वाह बहुत सुंदर रचना

  3. Kanchan Dwivedi - September 8, 2019, 8:33 pm

    लौटी हुई जिंदगी नए रंग लाएगी।

  4. Poonam singh - September 8, 2019, 11:00 pm

    Bahut khub

  5. राम नरेशपुरवाला - September 9, 2019, 9:14 am

    सुन्दर कृति

  6. NIMISHA SINGHAL - September 10, 2019, 9:10 am

    Nice

Leave a Reply