खुशबू

नित भाव मन मे उमड़ रहे है
किन्तु लेखनी साथ न देती।

चहुँओर खुशबू को है बिखरना
परन्तु सरल समीर साथ न देती।।

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साथ न देती

नित भाव मन मे उमड़ रहे है किन्तु लेखनी साथ न देती। खुशबू है चहुँओर बिखरने को तैयार पर ये बेवफा पवन साथ न देती।।

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