नाज़ करे

ऐसी हो जिंदगी जिस पर नाज़ करे।
खुदा तुम्हें, मेरी भी उम्र दराज़ करें।
हर राह रौशन, काँटों से महफूज़ दामन,
इतनी खुशियाँ बख्शे गम ना आज करें।

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16 Comments

  1. Archana Verma - September 14, 2019, 8:19 pm

    bahut khoob

  2. महेश गुप्ता जौनपुरी - September 14, 2019, 9:01 pm

    वाह बहुत सुन्दर प्रस्तुति

  3. ashmita - September 15, 2019, 6:23 am

    Nice

  4. DV - September 15, 2019, 9:29 am

    बढ़िया लिखा है

  5. DV - September 15, 2019, 9:30 am

    बढ़िया

  6. राम नरेशपुरवाला - September 15, 2019, 11:47 am

    Good

  7. Poonam singh - September 15, 2019, 12:30 pm

    Wahh

  8. NIMISHA SINGHAL - September 16, 2019, 1:31 pm

    Nice

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