न्यूज़ ना देखना दोस्त!

न्यूज़ ना देखना दोस्त !
वहां केवल भ्रम फैलाया जाता है ।
कुछेक मुद्दो के पीछे,
सत्ता को बचाया जाता है।
सब कुछ पहले से तय होता है
बहस जिस मुद्दे पर ,
उसे गर्व से रटाया जाता है,
अर्थव्यवस्था, बेरोजगारी
सब छिपाकर,
गुमराह बनाया जाता है,
न्यूज़ ना देखना दोस्त!
वहां केवल भ्रम फैलाया जाता है।

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Responses

  1. अच्छी कविता। परन्तु एक बदलाव करने पर मुझे ज्यादा अच्छी लगती।” वहा भ्रम केवल फैलाया जाता है।” या “वह भ्रम केवल फैलाता है।”

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