न जा सकोगे

न जा सकोगे
गली से
चुरा नजर हमसे,
गली दबा देंगे,
अगर यूँ जाओगे।
नजरअंदाज कर
हमारी चौखट को,
दो कदम भी
बढ़ा न पाओगे।

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Responses

  1. “न जा सकोगे गली से चुरा नजर हमसे, गली दबा देंगे,”
    रचना में प्रेम और क्रोध सा लगा ,एक पल को लगा कि गला दबा देंगे
    फ़िर ध्यान से पढ़ा ,….ओह गली दबा देंगे ।अधिकार जताती हुई बहुत सुंदर प्रस्तुति

    1. आपकी समीक्षा शक्ति लाजवाब है। इतनी सुंदर समीक्षा के लिए हार्दिक धन्यवाद। आभार

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