प्यार का लम्हा

चाहा सिर्फ तुझको मैंने
साथ मेरे अब तेरी परछाई भी नहीं
जी लिया प्यार का हर लम्हा
चले जाने से तेरे अब कोई रुसवाई नहीं

वो जा चुकी है जिंदगी से
भूलूंगा ये सचाई नहीं
जाने के बाद तेरे
मै तुझे याद करू
इतनी तुझमे अच्छाई नहीं

Previous Poem
Next Poem

लगातार अपडेट रहने के लिए सावन से फ़ेसबुक, ट्विटर, इन्स्टाग्राम, पिन्टरेस्ट पर जुड़े| 

यदि आपको सावन पर किसी भी प्रकार की समस्या आती है तो हमें हमारे फ़ेसबुक पेज पर सूचित करें|

9 Comments

  1. NIMISHA SINGHAL - October 5, 2019, 2:19 pm

    Ye Ishq nahi ansa

  2. nitu kandera - October 5, 2019, 5:10 pm

    Kya dard h

  3. Ishwari Ronjhwal - October 6, 2019, 8:48 pm

    Sunder

  4. Reena Sudhir - October 7, 2019, 8:21 pm

    Badhiya

  5. Ujwal Dulgach - October 8, 2019, 4:12 pm

    Wah

  6. Sudhir Santaram - October 8, 2019, 4:17 pm

    Nice

  7. Anil Kumar mishra - October 15, 2019, 5:34 pm

    VERY NICE.

Leave a Reply