माँ कि ममता

माँ कि ममता

टुटे छप्पर के द्वार पर
महलो के किनार पर
जाते हुए फुटपाथ पर
ममता दिखती रहती हैं |

बोलते हुए इंसान में
बेजुबान के ललकार में
पछीं के आवाज में
ममता दिखती रहती हैं |

नन्हें से चींटी की चाल में
हाथी की हुंकार में
कोयल की कू – कू में
ममता दिखती रहती हैं |

माँ के दुलार में
अधरो के मुस्कान पर
जीवो के प्यार में
ममता दिखती रहती हैं |

नन्हे अनजान में
शेर के खूंखार में
मासुम दिलकश जानवरों में
ममता दिखती रहती हैं |

महेश गुप्ता जौनपुरी
मोबाइल – 9918845864

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