मुक्तक

कोई कहे कैसे उसको ग़म नहीं है?
जो कुछ मिल गया है उसको कम नहीं है।
तुम हर तरफ़ ढूँढ़ लो इलाज़े-मर्ज़ को-
इस दर्द का कोई भी मरहम नहीं है।

मुक्तककार- #मिथिलेश_राय

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Lives in Varanasi, India

10 Comments

  1. देवेश साखरे 'देव' - September 23, 2019, 3:40 pm

    बहुत खूब

  2. राम नरेशपुरवाला - September 23, 2019, 4:21 pm

    बढ़िया

  3. सुरेन्द्र मेवाड़ा 'सुरेश' - September 23, 2019, 4:38 pm

    अति सुंदर

  4. NIMISHA SINGHAL - September 23, 2019, 9:20 pm

    Wah

  5. महेश गुप्ता जौनपुरी - October 31, 2019, 6:38 pm

    वाह बहुत सुंदर

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