सभ्यता पर दाग है

भेड़िए से सब तरफ
फैले हुए हैं आज भी
हैं लगाये टकटकी
इज्जत मिटाने दूसरे की।
वासना अपनी
जहर सी वे उगलते हैं,
राह चलती जिन्दगी को
वे निगलते हैं।
पापियों के पाप पर
अब लगानी आग है
पापियों का पाप
मानव सभ्यता पर दाग है।
कील ठोंको उन कुकर्मी
भेड़ियों के हाथ में
सौंप दो जनता के हाथों
सूली चढ़ा दो साथ में।
न्याय में देरी न हो
कर लो त्वरित अब कार्यवाही,
मत दबो दुष्टों के आगे
सब करेंगे वाहवाही।

Related Articles

प्यार अंधा होता है (Love Is Blind) सत्य पर आधारित Full Story

वक्रतुण्ड महाकाय सूर्यकोटि समप्रभ। निर्विघ्नं कुरु मे देव सर्वकार्येषु सर्वदा॥ Anu Mehta’s Dairy About me परिचय (Introduction) नमस्‍कार दोस्‍तो, मेरा नाम अनु मेहता है। मैं…

कोरोनवायरस -२०१९” -२

कोरोनवायरस -२०१९” -२ —————————- कोरोनावायरस एक संक्रामक बीमारी है| इसके इलाज की खोज में अभी संपूर्ण देश के वैज्ञानिक खोज में लगे हैं | बीमारी…

अपहरण

” अपहरण “हाथों में तख्ती, गाड़ी पर लाउडस्पीकर, हट्टे -कट्टे, मोटे -पतले, नर- नारी, नौजवानों- बूढ़े लोगों  की भीड़, कुछ पैदल और कुछ दो पहिया वाहन…

Responses

  1. पापियों के पाप पर अब लगानी आग है,
    पापियों का पाप मानव सभ्यता पर दाग है।।
    उच्च कोटि की रचना🙏🙏

  2. माह के सर्वश्रेष्ठ कवि सम्मान प्राप्त होने पर बहुत बहुत बधाई सर।आपकी रचनाएं अप्रितम हैं। उच्चस्तरीय साहित्य।

  3. सर्वश्रेष्ठ कवि घोषित होने पर पाण्डेय जी को बहुत बहुत बधाई। आपकी लेखनी बहुत सहजता से चलती रही है वाह।

  4. न्याय में देरी न हो कर लो त्वरित अब कार्यवाही,
    मत दबो दुष्टों के आगे सब करेंगे वाहवाही,
    प्रेरणादाई रचना

New Report

Close