हिन्दी गजल- ठहर जाऊंगा |

हिन्दी गजल- ठहर जाऊंगा |

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हिन्दी गजल- ठहर जाऊंगा |
तेरी जुल्फ नहीं जो बिखर जाऊंगा |
आजमा लो हद से गुजर जाऊंगा |
झोंका गिरादे रेत की दीवार नहीं |
तेरे वादे मै ताउम्र ठहर जाऊंगा |
तू है तो मै, मेरी जिंदगी ये दुनिया |
गर तू नहीं अगर मै किधर जाऊंगा |
मेरा इश्क इबादत तेरा दिल पत्थर |
हो करम खुदा बनके सुधर जाऊंगा |
मै समन्दर नहीं अपनी हर हद मे रहूँ |
तेरी हंसी हर वादे मै मुकर जाऊंगा|
मै तेरा शेर तू मेरी गजल की तरह |
दील हो असर बन मै बहर जाऊंगा |
हवा का झोंका नहीं बह नहीं सकता |
तेरा साया जाये जिधर उधर जाऊंगा|
खुद को तन्हा समझ मायूस मत होना |
तेरी हंसी बनके नगमा मुखर जाऊंगा |
श्याम कुँवर भारती [राजभर] कवि ,लेखक ,गीतकार ,समाजसेवी ,
मोब /वाहत्सप्प्स -9955509286

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14 Comments

  1. Poonam singh - October 29, 2019, 10:58 pm

    Bahut khub

  2. Kumari Raushani - October 29, 2019, 11:30 pm

    Waah

  3. nitu kandera - October 30, 2019, 11:28 am

    Nice

  4. देवेश साखरे 'देव' - October 30, 2019, 11:29 am

    बहुत खूब

  5. महेश गुप्ता जौनपुरी - October 30, 2019, 9:52 pm

    वाह बहुत सुंदर

  6. NIMISHA SINGHAL - October 30, 2019, 11:46 pm

    Wah kya khub

  7. Pt, vinay shastri 'vinaychand' - November 10, 2019, 7:15 pm

    वाह

  8. Abhishek kumar - November 24, 2019, 11:59 pm

    वाह

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