“ग़ज़ल होती है”

ღღ_महबूब से मिलने की, हर तारीख़ ग़ज़ल होती है;
महफ़िल में उनके हुस्न की, तारीफ़ ग़ज़ल होती है!
.
ग़ज़ल होती है महबूब की, बोली हुई हर बात;
आशिक के हर ख्वाब की, तकदीर ग़ज़ल होती है!
.
गर आज़माओ तो ज़ंजीर से, मज़बूत है ग़ज़ल;
तोड़ना हो तो विश्वास से, बारीक़ ग़ज़ल होती है!
.
आशिक़ के दिल की आह भी, होती है इक ग़ज़ल;
कहते हैं कि मोहब्बत की, तासीर ग़ज़ल होती है!
.
‘अक्स’, कलमकार की कलम का, तावीज़ है ग़ज़ल;
अग़र नाम हो जाये, तो हर नाचीज़ ग़ज़ल होती है!!….#अक्स

Related Articles

प्यार अंधा होता है (Love Is Blind) सत्य पर आधारित Full Story

वक्रतुण्ड महाकाय सूर्यकोटि समप्रभ। निर्विघ्नं कुरु मे देव सर्वकार्येषु सर्वदा॥ Anu Mehta’s Dairy About me परिचय (Introduction) नमस्‍कार दोस्‍तो, मेरा नाम अनु मेहता है। मैं…

एक कलमकार

एक कलमकार ————- जीता है हर किरदार एक कलमकार! जिंदगी की हर कसौटी पर खुद को खुद ही कसता है। उसकी कलम उत्तम लिखे इसीलिए…

कलमकार

एक कलमकार ————- जीता है हर किरदार एक कलमकार! जिंदगी की हर कसौटी पर खुद को खुद ही कसता है। उसकी कलम उत्तम लिखे इसीलिए…

Responses

New Report

Close