स्वतंत्रता दिवस पर निबंध

तेरी सुबह बङी निराली है

तेरी सुबह बङी निराली है.. तेरी शाम मधुर सुहानी हैं.. एे जानो जिगर से प्यारे वतन.. तेरे वैभव की अमर कहानी हैं वन्दे मातरम् वन्दे मातरम् वन्दे मातरम् है चरण पखावत सिंधु तेरे मस्तक पर सजा हिमाला हैं है पुरब लालिमा सूरज की और पश्चिम उदय उजाला हैं है हरी वसुन्धरा सुख दायी.. तेरे वीरों की अमर कहानी हैं ऐ जानो जिगर से प्यारे वतन तेरे वैभव की अमर कहानी हैं वन्दे मातरम् वन्दे मातरम् वन्दे मातरम् है बाईबिल ... »

Aazaadi……..!

Aazaadi……..!

Aazaadi ki keemat hamne bahut badi chukaai hai Tab jaa kar hamne ye aazaadi paai hai Ye din hai bahut sunhaira, ye din hai bahut pavitra hindustaan ko aazaad rakhne ki ham sab ne kasam khaai hai Aazaadi ki keemat hamne bahut badi chukaai hai Tab jaa kar hamne ye aazaadi paai hai deshbakhton ne sinchaa hai esko apne khoon se aur bharat maa per apni jaan lutaai hai Aazaadi ki keemat hamne bahut badi... »

हिन्दुस्तान

जहाँ हिन्दू मिले जहाँ पर मुसलमान मिले उसे हिन्दूस्तान कहते हैं, जहाँ हर मज़हब को एक सा सम्मान मिले उसे हिन्दूस्तान कहते हैं। कहदो उससे जाकर जहां में हमारे मुल्क से अच्छा कोई मुल्क नहीं, जहाँ गुरुग्रंथ बाईबल गीता और कुरान मिले उसे हिन्दूस्तान कहते हैं। जिसने सदियों से संजोऐ रख्खा है इन मोतीयों को एकता के धागे में, जहाँ आँगनों में तुलसी घरों में रहमान मिले उसे हिन्दूस्तान कहते हैं । हमारा वतन हमको ज... »

एकता की जोत

हम भारत मैं एकता की अखंड जोत जलायेंगै बहकावे में किसी के अब न हम आयेंगे दुख और मुश्किलों से अब ना हम घबरायेंगे रोटी एक हो या आधी मिल बांटकर हम खायेंगे अभी प्रेम हमारा देखा है तुमने जिस दिन रोष हमारा देखोगे खुदा भी बचा न पायेगा खूनी दिन और खूनी रातें कब तिलक खेल ये खेलोगे जाग गया है हिन्दूस्तान जाग गया है बच्चा – बच्चा जाग गया हर नोजवान दंगाईयों को मार – मारकर देश से हम भाग देंगे अब देश... »

????आजादी मुबारक हो????

????आजादी मुबारक हो????

????आजादी मुबारक हो???? ???????????? तोते पिंजरे जैसी बोली, खूब बढ़ी आबादी है, पंछी के पर काट दिए है, ये कैसी आजादी है। आजादी ये रूला रही है अब भी भूखे प्यासों को, जाने क्यों ये भुला रही है अब भी भूखे प्यासों को,, आधी आबादी ये अब भी भूख-भूख चिल्लाती है, तन से मन से खाली रहती सब को ही झल्लाती है,, हमने सूखी चिंगारी से, डरते कोई देखा है, हमने एक निवाले खातिर, मरते कोई देखा है,, जन गण मन में बसने वाले... »

स्वतंत्रता दिवस’ प्रतियोगिता सावन

कृपया राष्ट्र गान धुन में गायें ********************** तन मन धन न्योछावर कर दें तुम पर भारत माता विज्ञान ज्ञान भंडार भरें सब रखें सदा मन चंगा करुणा दया प्रेम रस बरसे नही हो देश में दंगा और न कुछ हम मांगें बस यह आशिष मांगें विश्व गाए जय गाथा तन मन धन न्योछावर कर दें तुम पर भारत माता वन्दे   वन्दे   वन्दे जय  भारत  वन्दे जय हिन्द। आनन्द प्रकाश अग्रोही »

कश्मीर जरुरी है

कश्मीर जरुरी है

पितरों के तर्पण को जैसे, थाली में खीर जरुरी है, भारत माँ के श्रृंगार को वैसे, ही कश्मीर जरुरी है| चमकी थी जो सत्तावन में, अब वो तलवार जरुरी है, प्यार मोह्हबत बहुत हो गया, अब तो वार जरुरी है |   खूब बहा लिया लहू सीमा पर, भारत माँ के लालों ने, जागो नींद से देशवासियों अब, इक हुंकार जरुरी है| भेद ना पाए दुश्मन सीमा को, ऐसी पतवार जरुरी है, और देश के गद्दारों को अब, दुत्कार जरुरी है |   ऋषभ जै... »

देशभक्ति

ये कविता मैने खुद को एक बार बचपन मे रख के,जवानी मे रख के और एक बार खुद को आखिरी सफर मे रह कर महसुस करते हुवे लिखा है,कि हमारे सैनिक भाई क्या सोचते है और ये गंदी सियासत क्या सोचती है, मै आशा करुंगा कि ये आपको पसंद आयेगी, (देशभक्ति के सफ़र मे) बन के बादल तीन रंगो मे निखर आउंगा, एक न्नहा सा देशभक्त हो उभर आउंगा, इस छोटे बदन को वतन से प्रेम है, इस न्नहे कलम को वतन से प्रेम है, जिसे ओढ के मै फक्र से मर... »

श्रधांजलि

आवो ! हम सब नमन करें भारत के वीर सपूतो का ! जिनने आज़ादी के हवन कुंड में अपना सब कुछ होम दिया आवो ! हम सब नमन करें भारत के वीर शहीदों का ! जो नित्य बलिदान दे रहे सीमा पर अपने प्राणों का ! आज़ादी की रक्षा खातिर आवो उनकी आवाज़ सुने पर्वतों के पार से सीमा के हम पहरेदार पड़े रहते खुले मैदानों में नंगी चट्टानों पर बर्फ की सिल्लियों पर या कभी धूल रेत के कोमल गद्दों पर चाँद तारों की महफ़िल को निहारते साथ ही न... »

“आखिरी जंग”

नत मस्तक शीश झुकाए कतारबद्ध खडा हूं मैं लिए लघु हृदय वीरों संग दौड चला घावो की परवाह किए बिना तत्पर हूं कुछ करने को इस देश के लिए मरने को बना लिया है लक्ष्य अब विजय पताका लहराना बस शीर्ष कारज रहेगा अब »

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