जब चारों ओर अंधेरा हो,
किसी डर ने आपको घेरा हो
छोड़ के उस डर को,
आगे की जीत का सोचो
जो ख़्वाब सजाए थे कभी,
आपने अपने अपनों के लिए
उन ख़्वाबों की ही खातिर,
इस दिल को ना बेज़ार करो..
*****✍️गीता
जब चारों ओर अंधेरा हो,
किसी डर ने आपको घेरा हो
छोड़ के उस डर को,
आगे की जीत का सोचो
जो ख़्वाब सजाए थे कभी,
आपने अपने अपनों के लिए
उन ख़्वाबों की ही खातिर,
इस दिल को ना बेज़ार करो..
*****✍️गीता