महादानी कर्ण ने दान किया कवच और कुण्डल,
बाधाओं से लड़कर हार कभी ना माने।
सूर्य का उपासना करके अटल रहे वचन पर,
दिव्य शक्ति देकर इन्द्र को महादानी कर्ण कहलाये।।
✍महेश गुप्ता जौनपुरी
महादानी कर्ण ने दान किया कवच और कुण्डल,
बाधाओं से लड़कर हार कभी ना माने।
सूर्य का उपासना करके अटल रहे वचन पर,
दिव्य शक्ति देकर इन्द्र को महादानी कर्ण कहलाये।।
✍महेश गुप्ता जौनपुरी