तुम कहती हो तो मान लेता हूँ
कि
दाग अच्छे हैं।
किन्तु सच यह है कि
दाग अच्छे होते नहीं हैं।
एक बार लग जाने के बाद
कहाँ धुल पाते हैं दाग
जब दाग लग ही गया
तब फिर
कौन मानता है बेदाग।
—- डॉ0 सतीश पाण्डेय, चम्पावत
तुम कहती हो तो मान लेता हूँ
कि
दाग अच्छे हैं।
किन्तु सच यह है कि
दाग अच्छे होते नहीं हैं।
एक बार लग जाने के बाद
कहाँ धुल पाते हैं दाग
जब दाग लग ही गया
तब फिर
कौन मानता है बेदाग।
—- डॉ0 सतीश पाण्डेय, चम्पावत