यह कैसे अच्छे दिन आए हैं?
एक तरफ कोरोना मानव को
निगलने पर तैयार खड़ा है।
दूसरी ओर सीमा पार दुश्मन खड़ा है।
इस महामारी को देखकर भी,
चीन का पेट नहीं भरा है।
इसीलिए तो वह सीमा पर बंदूक लिए खड़ा है।
यह कैसे अच्छे दिन आए हैं?
एक तरफ कोरोना मानव को
निगलने पर तैयार खड़ा है।
दूसरी ओर सीमा पार दुश्मन खड़ा है।
इस महामारी को देखकर भी,
चीन का पेट नहीं भरा है।
इसीलिए तो वह सीमा पर बंदूक लिए खड़ा है।