जो नज़र आया मुझे तो उस आरिश में खो जाऊंगा,
होजाये गर जो बारिश तो उस बारिश में सो जाऊंगा,
लगे हैं लोग रास्ता भटकाने की फ़िराक में यारों मेरा,
लगाता है मैं खुद शामिल इस साजिश में हो जाऊंगा,
राही अंजाना
जो नज़र आया मुझे तो उस आरिश में खो जाऊंगा,
होजाये गर जो बारिश तो उस बारिश में सो जाऊंगा,
लगे हैं लोग रास्ता भटकाने की फ़िराक में यारों मेरा,
लगाता है मैं खुद शामिल इस साजिश में हो जाऊंगा,
राही अंजाना