आज मैं यहाँ खड़ा हूँ, खुद को परिभाषित करने के लिए। शब्दों के रंग में खेलते हुए, अपनी भावनाओं को समर्पित करने के लिए। कविता के सागर में डूबकर, अपनी मनचाही उड़ान भरने के लिए। […]