Nimita jain, Author at Saavan's Posts

रिश्‍ते और बर्फ

अक्सर सोचता हूँ रिश्‍ते क्‍यों जम जाते हैं बर्फ की तरह | »

अब थक गया हूँ

अब थक गया हूँ मैं मुझे अपने पास बुला ले »