शत्-शत् नमन करें उनको , जो राष्ट्र-हित में शहीद हुए। जन-जन रो देता है सुन वे वीर गति को प्राप्त हुए। पुत्र खोने का दर्द भला माता से ज़्यादा कौन सहे! धन्य है वो माँ […]

स्वतंत्रता का नव विहान– गाओ मंगल गान! लहराते ध्वज को देखो- स्वाभिमान भरे मस्तक ऊँचे! याद करो वीरों की कुर्बानी! ज़ुल्म भरे व्यथा की कहानी। चहुदिश अरुण रश्मि छायी- धरती पर स्वर्ण-आभा आई ! बरस […]