श्याम कुँवर भारती, Author at Saavan's Posts

भोजपुरी गजल – देशवा ई जोहत बा

भोजपुरी गजल- देशवा ई जोहत बा केहु जीत के जश्न मानवत केहु हार के रोना रोवत बा | कही बाजे ढ़ोल नगाड़ा कही केहु भाग के कोसत बा | जे जितल बा उनके इनाम ई खूब मिल गईल | जे हारल बा उनको सबक ई खूब मिल गईल | जनता बाड़े पंच परमेशवर जेवन चाही तेवन होवत बा | मिल गइल गद्दी सबदिन रही ई कबहु न होला | दिन दुखियन गरीबन देशवा भूली मस्त रहेला | उतरीहे खींच के बहियाँ लोगवा ,राजपाट सब खोवत बा | जे हारेला त का होला उहो जं... »