पिंजरे में कैद एक पंछी हूँ मैं, माना कि बंद हूँ पर एक जीव हूँ मैं, है मुझमे भी सांसें और दिल फिर क्यों नहीं मिलती मुझे मेरी मंजिल, वो नीले अम्बर में उड़ना मुझे […]