तुम्हे इश्क कहूँ या अब कहूँ खुदा
अब तो फर्क कोई ना पड़ता है
उसके रंगों में रंगा हर काम तेरा
तेरे रंगों में रंगा अब हर रंग मेरा
…… यूई
तुम्हे इश्क कहूँ या अब कहूँ खुदा
अब तो फर्क कोई ना पड़ता है
उसके रंगों में रंगा हर काम तेरा
तेरे रंगों में रंगा अब हर रंग मेरा
…… यूई