अभिनय की इस परंपरा को
मैंने अब तक खूब निभाया
दिल के आंसू छुपा लिया और
झूठी मुस्कान से सब को रिझाया
बात बना ली, जख्म छुपाए
रात-रात भर नींद ना आए
चंदा से आंख मिचोली करके
खेल-खेल में उसे हराया।।
“झूठी मुस्कान”


अभिनय की इस परंपरा को
मैंने अब तक खूब निभाया
दिल के आंसू छुपा लिया और
झूठी मुस्कान से सब को रिझाया
बात बना ली, जख्म छुपाए
रात-रात भर नींद ना आए
चंदा से आंख मिचोली करके
खेल-खेल में उसे हराया।।