2 Comments

  1. बेरोज़गारी हो या कोई और मुद्दा ,कवि की कलम नहीं बोलेगी तो और कौन बोलेगा। समाज के हर वर्ग और हर क्षेत्र में लिखती कवि सतीश जी की कलम से निकले बहुत ही सुन्दर उद्गार । बहुत उम्दा लेखन

Leave a Reply