जलाते जा रहे

सब यहा मिलकर मुम्बतीया जलाते जा रहे।
और वो एक एक हमारी बेटियां मिटाते जा रहे।।

ना समझ मासूम ओर कमजोर बच्चीयो पर।
ये कुछ नामर्द अपनी ताकत दिखाते जा रहे।।

” रहस्य ” देवरिया

Comments

5 responses to “जलाते जा रहे”

Leave a Reply

New Report

Close