वे सो रहे हैं व्यवस्था को,
जेब में लेकर,
हम रो रहे हैं ,
हाथ में मोमबत्तियां लेकर!
वे जागते हैं अक़्सर चुनाव में,
और हम हादसों में ….
वे सो रहे हैं व्यवस्था को,
जेब में लेकर,
हम रो रहे हैं ,
हाथ में मोमबत्तियां लेकर!
वे जागते हैं अक़्सर चुनाव में,
और हम हादसों में ….