मैं दूर आ चला हूं घर से बहुत, मुझे वापिस घर बुलाए कोई, ये शहर अजनबियों का मेला लगता है यहां मुझे अपना बताए कोई मैं आवारा घूम रहा हूं इन गलियों में कब से […]

आज फिर मुलाकात हुई उससे, किसी और के ज़रिए, किसी की बातों में उसका ज़िक्र आया। किसी ने फिर से खोल के रखी उसकी बातें। किसी ने फिर याद दिलाया वो पुराना फलसफा। किसी ने […]