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न कोई खुदा है मेरा , न कोई पैगम्बर है बस दिल एक मंदिर है मेरा, तेरी मूरत उसके अंदर है ।

कतरा कतरा रिसते रहे हम

कतरा कतरा रिसते रहे हम उनके इश्क़ में अपने ही अंदाज में हम उम्मीद है की नजर न होगी कोई शख्सियत तेरे इतिहास में हमे मगर एक आरज़ू है मगर दिल में एक नजर भर देख लीजिएगा लिपटे स्याह सफ़ेद लिबास में हमें ।। #suthars’    

lost relationships

  ऐ दिल आ गुफ्तगू करते है कुछ चल बता तू यूं उदास क्यूं है जिन रिश्तों की कोई तवज्जो न थी तुझे “सुथार” आज…

जंग

जंग आजकल उलझा हुआ हूँ जरा कल और आज की अजीब सी उलझन में मेरे अंतर्कलह का दन्दव है ले रहा रूप एक जंग का…

kya khoya ????

क्या खोया ? निकला था मंजिलो को पाने पर रास्तो से दिल लगा बैठा, और कल को बुनने की जिद में अपने आज को दांव…

हौंसला

जाएगी खुद से है जंग , तकदीर भी कुछ रूठी सी है एक मुद्दत से है इंतज़ार हमे अब तो उम्मीदें भी सब झूठी सी…

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