डर जितने भी थे अपनी बर्बादी के

अन्धेरे मुझे अब रास आ गए है
तन्हाईया मुझे अब अपना गई है
डर जितने भी थे अपनी बर्बादी के
संग उनके अब मुझको भा गए है

…… यूई

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