दवा

यार इसमें तो मज़ा ही नहीं,
कोई हमसे खफा ही नहीं,
इश्क है मर्ज़ है दोस्त,
इसकी कोई दवा ही नहीं।।
राही (अंजाना)

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मज़ा

यार इसमे तो मजा है ही नही कोई हमसे खफा है ही नही इश्क़ है मर्ज़ है मेरे यार सुनो, इसकी कोई दवा है ही…

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