अपने नजरों की मेहर बरसा By Vickey sonwani Posted on September 13, 2016November 26, 2018 Category : शेर-ओ-शायरी
अब इश्क की दुनिया में आने से डरते है नजरों को बेवजह मिलाने से डरते है कही टूट न जाये फिर से कहीं दिलों के फिर से टकराने से डरते है Log in to Reply
अब इश्क की दुनिया में आने से डरते है
नजरों को बेवजह मिलाने से डरते है
कही टूट न जाये फिर से कहीं
दिलों के फिर से टकराने से डरते है
bahut khoob neelam ji
so nice
Shukriya #panna
Nice rply #neelam
Good