*एहसास*

तू जब हुआ करता था
मेरे करीब तो
एक अलग एहसास हुआ करता था
आज जब दूर है मुझसे
तो कोई एहसास ही नहीं होता…!!

Comments

4 responses to “*एहसास*”

  1. Geeta kumari

    बहुत ख़ूब, सुन्दर भवाभिव्यक्ति

Leave a Reply

New Report

Close