तेरी आवाज में हम डूब जाते है
तुझसे हम कुछ कह नहीं पाते है
हाल ए दिल कैसे करें बयां अपना
दिल की हर धडकन में तुझे सजाते है
गालिब बना दिया हमें तेरी मोहब्बत ने
तनहाइयों में भी बस तुझे गाते है
यकीन है एक दिन मिलेगीं नजरें तुझसे
हर लम्हा यही सोचकर बिताते है
शम्मा से बस एक मुलाकात की खातिर
परवाने पागल शम्मा मे जल जाते है


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