एक न एक दिन

रात के अंधेरे में मुंह छुपा कर चलने वाले .
एक न एक दिन तुम्हें उजाले में आना ही पड़ेगा।
अपने किए करनी के हिसाब ए चतुर इन्सान,
दुनिया के सामने तुझे रखना ही पड़ेगा ।।

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