कोई मुस्कुरा रहा है आज यूं ,
हमें फुरसत में याद कर के
हिचकियां आना तो चाह रही हैं,
पर हिचकिचा रही हैं..।
हिचकियां
Comments
12 responses to “हिचकियां”
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वाह वाह
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धन्यवाद भाई जी 🙏
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सुन्दर अभिव्यक्ति
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धन्यवाद सुमन जी
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वाह बहुत खूब, अतिसुन्दर
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Thank you ji
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वाह अतिसुन्दर लेखन
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Thank you very much Piyush ji 🙏
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वाह वाह भाव मे मधुरिमा है
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अरे वाह ,बहुत सारा धन्यवाद आपका कमला जी🙏
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बहुत ख़ूब
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शुक्रिया जी
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