कुछ इस कदर के दुआएं बेअसर हो गई

कुछ इस कदर के दुआएं बेअसर हो गई,

के सारे मर्ज़ों की दवाएं मेरे ही सर हो गई,

इलाज मिला मगर कहीं कुछ कसर हो गई,

जिंदगी इससे पहले ही मोहब्बत की नज़र हो गई।।

राही (अंजाना)

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