गजल

……………..गजल…………….
चल नही सकते तो टहल कर देखो
तुम अपनी सोच बदल कर देखो !
दर्द के फूल किस तरह निखर जाते है
आ मेरे बज्म किसी दिन गजल पर देखो ||

ओ बुरा मान न जाये कही मोहब्बत में
तुम जरा महफिलों में उनको संभल कर देखो |
गम किसे है नही कि तुम ही मरे जाते हो
बात बनती है जरा दिल से पहल कर देखो ||
उपाध्याय…

Related Articles

प्यार अंधा होता है (Love Is Blind) सत्य पर आधारित Full Story

वक्रतुण्ड महाकाय सूर्यकोटि समप्रभ। निर्विघ्नं कुरु मे देव सर्वकार्येषु सर्वदा॥ Anu Mehta’s Dairy About me परिचय (Introduction) नमस्‍कार दोस्‍तो, मेरा नाम अनु मेहता है। मैं…

Responses

New Report

Close