अपनी सूरत पर।

जब उन्हें यूं घमंड हुआ,
अपनी सूरत पर।
वक्त ने भी दिखला दिया,
जब झुरिया पड़ी चेहरे पर।

Comments

8 responses to “अपनी सूरत पर।”

  1. Deep Patel

    अच्छी रचना

  2. प्रतिमा

    धन्यवाद सर

Leave a Reply

New Report

Close