इतिहास

लेखनी पर जो करते है विश्वास,
दिन दुखी रहते है सदैव ।
कर्म को जो समझते हैं प्रधान,
वहीं रचते इतिहास है सदैव।।

✍महेश गुप्ता जौनपुरी

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