4 Comments

  1. बचपन से ही न जाने कितने दोस्त बनाये
    हंसी ख़ुशी उनके संग ज़िंदगी के पल ये विताये
    _________ बचपन के साथियों को याद करती हुई बहुत ही सुंदर रचना, उत्तम अभिव्यक्ति

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