किताबों में दबे फ़ूल सी है जिंदगी मेरी
सूखी सी है मगर महक अभी तक बची है
किताबों में दबे फ़ूल सी है जिंदगी मेरी
Comments
11 responses to “किताबों में दबे फ़ूल सी है जिंदगी मेरी”
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Khub kaha
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thanks
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बहुत अच्छा
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thanks
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Good
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thanks
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Bahut khoob
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Aahaa
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thank u
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Nice
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thanks
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