दास्ता ए जिंदगी

चंद पन्नों में सिमट गयी दास्ता ए जिंदगी
अब लिखने को बस लहू है, और कुछ नहीं|

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3 responses to “दास्ता ए जिंदगी”

  1. मोहन सिंह मानुष Avatar
    मोहन सिंह मानुष

    सुन्दर

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