कोरोना की फिर तेज़ हुई रफ्तार है,
इसके लिए कौन जिम्मेदार है।
देश में कोरोना का विस्फोट,
फ़िर से हो चुका है
अब हम कितने तैयार हैं।
वैकसीन भी आई है,
कितनों ने लगवाई है??
मास्क लगाकर घूमना है,
वरना शामत आई है।
जिसने दो गज़ दूरी नहीं बनाई,
उसके घर ये बीमारी आई I
तो क्या सोच रहे हो भाई,
कोरोना को मिटाना है।
सारे नियम पालन करने हैं,
अपना नम्बर आने पर वैक्सीन लगवाना है॥
______✍गीता
देश में कोरोना का फ़िर विस्फोट
Comments
8 responses to “देश में कोरोना का फ़िर विस्फोट”
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नंबर के इंतजार में हूं
100% सत्य रचना सुंदर संदेश के संग-
धन्यवाद ऋषि जी
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बहुत सुंदर अभिव्यक्ति
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सादर धन्यवाद भाई जी बहुत-बहुत आभार🙏
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समसामयिक सत्य पर आधारित कवि गीता जी की अति उत्तम रचना। सुन्दर प्रस्तुति
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सुंदर समीक्षा हेतु बहुत-बहुत धन्यवाद सतीश जी
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बहुत ही सुंदर लेखन
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धन्यवाद जी
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