12 Comments

  1. कुछ अभिभावक करते हैं ऐसा, लेकिन बच्चों पर अपनी महतत्वाकांक्षाओं का बोझ नहीं डालना चाहिए। उनकी इच्छाओं का सम्मान रखते हुए सही मार्गदर्शन करना चाहिए।……
    ………. बहुत सुंदर रचना

  2. कोई किताबों से दब रहा है,
    कोई बेसहारों से मर रहा है,
    छूट गए आज बचपन उनके,
    बचपन से ही जो हॉस्टल में रह रहा है

    नौकरी का दबाव मिल रहा है,
    बचपन से ही वह सपने जला रहा है,

    आपकी बहुत ही अच्छी कविता

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