मगर मुझे तो माँ का मैला आँचल ही सुहाता है

बेशक खुशबू से भरा होगा मेरे दोस्त तेरा सनम,
मगर मुझे तो माँ का मैला आँचल ही सुहाता है।।

– राही (अंजाना)

Comments

10 responses to “मगर मुझे तो माँ का मैला आँचल ही सुहाता है”

  1. Mithilesh Rai Avatar

    बहुत उम्दा

  2. Kanchan Dwivedi

    Bahut hi khubsurat lines

  3. Satish Pandey

    बहुत सुंदर

Leave a Reply

New Report

Close