8 Comments

  1. मुस्कुराहट ही बड़ी पहचान है
    इंसान की।
    जानवर हँसते नहीं
    शोभा है यह इंसान की।
    खूब हँसते ही रहो,
    औरों को भी मुस्कान दो,
    ___________ वाह ,कवि सतीश जी ने मुस्कुराने को लेकर बहुत सुंदर कविता लिखी है…. बहुत ही लाजवाब अभिव्यक्ति और उम्दा लेखन

  2. तुम्हारी मुस्कुराहट की
    अजब सी बात देखी आज मैंने
    दर्द में डूबा हुआ मन
    दर्द सारा भूलकर,
    फूल खुशियों के उगाने को
    बढ़ाता है कदम।

    अति उत्तम रचना…
    किसी की मुस्कुराहट की बड़ी सुंदर तारीफ

  3. मेहनत करो हँसते रहो
    पूरा करो अरमान को।
    यूँ जीवन में कभी पल
    दर्द के भी लाजमी हैं,
    हिम्मत नहीं छोड़ो कभी
    दर्द में मुस्कान लो।

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