कोई तो करतब कोई तो जादू दिखलाना चाहिए,
धरती पे रहने वालों को आसमां पे जाना चाहिए,
बहाने बनाने को तो बैठे हो तुम हजार मेरे यार,
कभी झूठ को भी सच्चा आईना दिखाना चाहिए,
जरूरी नहीं के ये हाथ जोड़ कर काम बन जाए,
हथेलियाँ खोल केभी किस्मत आजमाना चाहिए,
ख्यालों में हासिल है जो उसकी हकीकत समझो,
अँधेरे को चीरते हुए तुम्हें रौशनी में आना चाहिए,
बैठ कर बातें करने के मौसम अब कहाँ लौटेंगे,
दो मिनट मिलने में भी लोगों को मैख़ाना चाहिए,
खुद को ढूढ़ने की तलाश में मत खो जाना राही,
अंजाना होकर भी तुम्हें पहचाना जाना जाहिए॥
राही अंजाना
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