ये जो उदासी है तेरे अन्दर….

ये जो उदासी है तेरे अंदर,
वो खुशी में बदल जाएगी।
तू उठ तो सही,संघर्ष के लिए ,
वक्त तो इंतजार में है तेरे,
किस्मत भी बदल जाएगी।

Related Articles

प्यार अंधा होता है (Love Is Blind) सत्य पर आधारित Full Story

वक्रतुण्ड महाकाय सूर्यकोटि समप्रभ। निर्विघ्नं कुरु मे देव सर्वकार्येषु सर्वदा॥ Anu Mehta’s Dairy About me परिचय (Introduction) नमस्‍कार दोस्‍तो, मेरा नाम अनु मेहता है। मैं…

दुर्योधन कब मिट पाया:भाग-34

जो तुम चिर प्रतीक्षित  सहचर  मैं ये ज्ञात कराता हूँ, हर्ष  तुम्हे  होगा  निश्चय  ही प्रियकर  बात बताता हूँ। तुमसे  पहले तेरे शत्रु का शीश विच्छेदन कर धड़ से, कटे मुंड अर्पित करता…

Responses

  1. बिल्कुल सही प्रतिमा जी, संघर्ष करने से रूठी तक़दीर बदल जाती है ।
    बहुत सुन्दर प्रस्तुति..

New Report

Close