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  1. मन रहे नहीं कोई संशय
    बल, बुद्धि, शान्ति, साधन संचय
    हर दिशा मातृ – भू तेरी जय।
    हो बन्धु – बन्धु में मेलजोल
    प्राणों में मृदुरस आज घोल।

    अनिल मिश्र प्रहरी।

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